12वीं में आर्ट्स से पढ़ाई करने के बाद करियर विकल्प

12वीं में आर्ट्स से पढ़ाई करने के बाद करियर विकल्प : 12वीं में आर्ट्स स्ट्रीम से पढ़ाई करने के बाद छात्र आगे के करियर को लेकर चिंतित रहते हैं। उन्हें आगे कौन सा कोर्स करना है या कर सकते हैं उन्हें इसके बारे में कोई खास जानकारी नहीं होती है। लेकिन आर्ट्स ही मात्र ऐसा स्ट्रीम है जिससे पढ़ाई करने के बाद आप कई कोर्स के लिए एलिजिबल हो जाते हैं। आपके पास आगे के कोर्स के लिए कई विकल्प होते हैं।

12वीं में आर्ट्स से पढ़ाई करने के बाद करियर विकल्प 

अभिभावकों और छात्रों के मन में यह गलत धारणा होती है कि पढ़ाई में अच्छा व्यक्ति सिर्फ साइंस या कॉमर्स की ही पढ़ाई कर सकता है। सिर्फ इन्हीं स्ट्रीम से पढ़ाई करने के बाद उसके आगे का भविष्य उज्ज्वल हो सकता है, लेकिन ऐसा नहीं है। आर्ट्स से पढ़ाई करने के बाद भी आपका आगे का करियर अच्छा बन सकता है। इस आर्टिकल में हम आपको बताएंगे कि आर्ट्स स्ट्रीम से पढ़ाई करने के बाद आप कौन सा कोर्स कर सकते हैं।

बैचलर ऑफ आर्ट्स (बीए)

आर्ट्स स्ट्रीम से पढ़ाई करने के बाद बैचलर ऑफ आर्ट्स (बीए) सबसे लोकप्रिय ग्रेजुएशन लेवल कोर्स है। इस कोर्स को इंटरमीडिएट करने के बाद किया जाता है। इसमें 3 विषय चुनने पड़ते हैं, तीसरे साल में इसमें से कोई एक सब्जेक्ट छोड़ना पड़ता है यानी आप किसी दो विषय से स्नातक (ग्रेजुएशन) की डिग्री ले सकते हैं। लेकिन ऑनर्स के विद्यार्थियों को तीसरे वर्ष में कोई एक मूल विषय चुनना पड़ता है। उसी विषय के अंक आपके अंकपत्र पर दिखाई देते हैं। इसका मतलब ही कि आप उस विषय मे स्पेशलिस्ट हैं। जैसे: इतिहास में बीए, भूगोल में बीए, राजनीति विज्ञान में बीए, लोक प्रशासन में बीए, अंग्रेजी साहित्य में बीए, अर्थशास्त्र में बीए।

लॉ कोर्सेज

आर्ट्स में लॉ करने के बाद लॉ कोर्स करने का ऑप्शन भी मौजूद है। आमतौर पर बैचलर ऑफ लेजिस्लेटिव लॉ (LLB) को ग्रेजुएशन के बाद किया जाता है। इस कोर्स को करने के बाद आप एडवोकेट बन सकते हैं। LLB कोर्स 3 साल का होता है। अगर आपको कानूनी दांवपेंच अच्छे लगते हैं और आप किसी से प्रेरणा लेकर एडवोकेट बनना चाहते हैं तो एलएलबी आपके लिए सबसे अच्छा कोर्स है।

आप इंटरमीडिएट के बाद भी लॉ कोर्स कर सकते हैं। इसके लिए आपको BA+LLB करना होगा। यह कोर्स 5 सालों के लिए होता है। इसमें आपको स्नातक की डिग्री के साथ-साथ लॉ की डिग्री भी मिलती है। इतना ही नहीं आप इंटरमीडिएट के बाद BBA+LLB (बैचलर ऑफ बिज़नस एडमिनिस्ट्रेशन और बैचलर ऑफ लेजिस्लेटिव लॉ) भी कर सकते हैं। इसके जरिए आप किसी बड़ी कंपनी में लीगल एडवाइजर भी बन सकते हैं।

टेक्निकल कोर्सेज

अगर आप सोचते हैं कि आर्ट्स स्ट्रीम से पढ़ाई करने के बाद आप टेक्निकल डिग्री नहीं ले सकते हैं, तो यह आपकी गलत धारणा हैं। अंडरग्रेजुएट लेवल पर भी आप टेक्निकल कोर्स कर सकते हैं। इनमें आप अपना करियर बना सकते हैं। ये टेक्निकल कोर्सेज हैं- बैचलर ऑफ कम्प्यूटर एप्लीकेशन (BCA) और बैचलर ऑफ आर्किटेक्चर (B. Arch.)

मैनेजमेंट कोर्सेज

अगर आप किसी कोर्स को करने के बाद अच्छा करियर चाहते हैं तो मैनेजमेंट कोर्स आपके लिए अच्छा हो सकता है। इंटरमीडिएट की पढ़ाई करने के बाद आप मैनेजमेंट कोर्स कर सकते हैं। इसमें ग्रेजुएशन लेवल कोर्सेज, 5 ईयर कोर्सेज और डिप्लोमा लेवल कोर्सेज भी शामिल है। जैसे BBA (बैचलर ऑफ बिजनेस एडमिनिस्ट्रेशन), BBS (बैचलर ऑफ बिजनेस स्टडीज), BBA+MBA (5 ईयर कोर्स), BHM (बैचलर ऑफ होटल मैनेजमेंट), रिटेल मैनेजमेंट (डिप्लोमा)।

परफॉर्मिंग आर्ट्स कोर्सेज

यह उन लोगों के लिए सबसे अच्छा कोर्स है जो परफॉर्मिंग आर्ट्स में रूचि रखते हैं और इसमें अपना करियर बना सकते हैं। इंटरमीडिएट के बाद आप पास परफॉर्मिंग आर्ट्स में डिग्री हासिल कर सकते हैं। इसके लिए आपको किसी एक क्षेत्र में विशेषता रखनी होती है। इन परफॉर्मिंग आर्ट्स कोर्सेज में BPA (बैचलर ऑफ परफॉर्मिंग आर्ट्स) सबसे प्रमुख है। इसके अलावा आर्टिकल राइटिंग, सिंगिंग और डांसिंग इत्यादि में डिप्लोमा कोर्सेज भी उपलब्ध हैं।

डिजाइन कोर्सेज

आर्ट्स के स्टूडेंट्स डिजाइनिंग के क्षेत्र में अपना करियर बना सकते हैं। यह उन छात्रों के लिए सबसे अच्छा है जो विजुअल आर्ट्स में अच्छे हैं। आर्ट्स स्ट्रीम के छात्रों के लिए डिजाइनिंग क्षेत्र में कई ग्रेजुएशन लेवल के कोर्स उपलब्ध हैं। डिजाइन में तीन साल के ग्रेजुएशन कोर्स के अलावा सर्टिफिकेशन और डिप्लोमा कोर्सेज भी कर सकते हैं। जैसे: बैचलर ऑफ टेक्सटाइल डिज़ाइन, बैचलर ऑफ डिज़ाइन (एक्सेसरी), बैचलर ऑफ फैशन कम्युनिकेशन, बैचलर ऑफ इंटीरियर डिजाइनिंग, बैचलर ऑफ प्रोडक्ट डिज़ाइन, फर्नीचर और इंटीरियर डिजाइन कोर्सेज ,बैचलर ऑफ डिजाइन (लेदर), बैचलर ऑफ फैशन डिजाइन एंड टेक्नोलॉजी, इत्यादि।

अपने करियर के लिए कोर्स का कैसे करें चुनाव?

अपने करियर को ध्यान में रखते हुए किसी ऐसे कोर्स का चुनाव नहीं करना चाहिए जिसमें आपका इंटरेस्ट बिल्कुल ना हो। ऐसा बिल्कुल ना करें कि किसी के दबाव में आकर कोई ऐसा कोर्स कर लें जिसमें आपको सफलता ना मिले। इसके लिए आप किसी ऐसे कोर्स का चुनाव करें जिसमें आप मजबूत रहें, जिससे आपको आगे चलकर किसी समस्या का सामना न करना पड़े। साथ ही आपको यह भी ध्यान रखना चाहिए कि आप जो कोर्स करने जा रहे हैं, उसमें आगे चलकर कौन-कौन से करियर विकल्प हैं।